न दैन्यं न पलायनम्

Showing posts with label चम्बल. Show all posts
Showing posts with label चम्बल. Show all posts
10.3.12

सोझ समझ कर पीना, यह चम्बल का पानी है

›
जब भूगोल पढ़ना प्रारम्भ किया तब कहीं जाकर समझ में आया कि बचपन में जो भी पानी हमने पिया, वह यमुना का नहीं चम्बल का था। आगरा की यमुना में कु...
126 comments:
›
Home
View web version
Powered by Blogger.