न दैन्यं न पलायनम्
31.10.12
एक बड़ा था पेड़ नीम का
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बचपन की सुन्दर सुबहों का भीना झोंका, आँख खुली, झिलमिल किरणों को छत से देखा, छन छन कर जब पवन बहे, तन मन को छूती, शुद्ध, स्वच्छ, मधुरिम ब...
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27.10.12
डिजिटल जीवनशैली
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उपकरण का शाब्दिक अर्थ है, जिसके माध्यम से आपको कार्यों में सहायता मिले। जितनी अधिक सहायता करे, उतना अधिक उपयोगी है उपकरण। आपके डिजिटल जीव...
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24.10.12
लैपटॉप या टैबलेट - तकनीकी पक्ष
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जीवन में लैपटॉप की आवश्यकता सबसे पहले तब लगी थी, जब कार्यालय और घर के डेस्कटॉपों पर पेनड्राइव के माध्यम से डाटा स्थानान्तरित करते करते पक ...
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20.10.12
लैपटॉप या टैबलेट - अनुभव पक्ष
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पता नहीं जो लोग ढेरों पैसा कमा लेते होंगे, वे अपनी वसीयत कैसे लिखते होंगे, बड़ा ही कठिन कार्य है यह, पहले संग्रहण करो फिर बाँट दो। हम तो ए...
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17.10.12
लैपटॉप या टैबलेट - निर्णय प्रक्रिया
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इस प्रश्न से होकर निकला हूँ और निर्णय के बाद एक वर्ष का समय मिला है यह समझने के लिये कि जो निर्णय लिया, वह अपनी अपेक्षाओं पर खरा उतरा कि न...
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13.10.12
पुस्तकें बुलाती हैं
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पुस्तकों से एक स्वाभाविक लगाव है। किसी की संस्तुति की हुयी पुस्तक घर तो आ जाती है, पर पढ़े जाने के अवसर की प्रतीक्षा करती है। मन में कभी ...
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10.10.12
शाम है धुआँ धुआँ
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शाम थी, वह भी रविवार की, बैठकर सोच रहा था कि सप्ताहान्त कितना छोटा होता है, केवल दो दिन का। क्या न कर डालें इन दो दिनों में, यह सोचने में...
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6.10.12
बच्चों की संस्कृति
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अपनी संस्कृति पर गर्व होना स्वाभाविक है, पर सारा जीवन अपनी संस्कृति के एकान्त में नहीं जिया जा सकता है, अन्य संस्कृतियाँ प्रभावित करती है...
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3.10.12
मैं समय की भँवर में हूँ
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परिस्थितियों में बँधा मैं , राह मेरी बनी कारा , श्रव्य केवल प्रतिध्वनियाँ, यदि किसी को भी पुकारा, देखना है, और कब तक, स्व...
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29.9.12
बच्चों की खिलती मुस्कान
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भाग्य ने अपने सारे दाँव कॉन्क्रीट के जंगलों में लगा दिये हैं, बड़े नगरों में ही समृद्धि की नयी परिभाषायें गढ़ने में लगी हैं सभ्यतायें। आल...
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26.9.12
बच्चों का जीवन
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'ऐसी क्या चीज है, जो आपको तो नहीं मिलती है पर आपसे उसकी आशा सदैव की जाती है', आलोक ने बच्चों से पूछा। इज्जत या आदर, उत्तर मिलने मे...
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22.9.12
एक आवश्यक निर्णय
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बंगलोर की नगरीय व्यवस्थायें सुदृढ़ हैं, तन्त्र कार्यरत रहता है। पहले यही लगता था कि जहाँ पर इतने अधिक लोग रहते हों, वहाँ पर कोई अव्यवस्था ...
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19.9.12
एप्पल का मूल्य
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अभी तक की सर्वाधिक मूल्यवान कम्पनी का स्थान पाने के बाद अपेक्षाओं का जो अंबार एकत्र होता है, उसे समेट कर व्यवस्थित रख पाना उस कम्पनी की अग...
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15.9.12
फ्रस्टियाओ नहीं मूरा
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बड़ी दिलासा देते हैं ये शब्द, विशेषकर तब, जब पति जेल में हो, पति अपनी पत्नी को यह गाने को कहता हो और उसकी पत्नी सस्वर गा रही हो। बाहुबली प...
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12.9.12
ध्यान से देखो, थोड़ा और ध्यान से
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दर्पण देखता गया, पंथ खुलता गया। चेहरे पर दिखता, त्वचा का ढीला पड़ता कसाव, जो यह बताने लगा है कि समय भागा जा रहा है। शरीर की घड़ी गोल गोल ...
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8.9.12
विस्तार जगत का पाना है
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आयाम विचारों का सीमित , रह चार दीवारों के भीतर , लगता था जान गया सब कुछ , अपने संसारों में जीकर, कुछ ...
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